Showing posts with label women-life. Show all posts
Showing posts with label women-life. Show all posts

Sunday, 7 August 2016

Video पहली बार संबंध बनाने के बाद लड़कियों को कैसा लगता है! जानिए...

एक लड़का और एक लड़की के बीच शारीरिक संबंध बनाना बेहद नैचरल बात है। एक उम्र के बाद दोनों को ही इसको लेकर उत्तेजना रहती है। मगर शायद आप यह नहीं जानते होंगे की सेक्स को लेकर महिलाओं और पुरूषों की धारणा विपरीत ही रहती है। कई पुरुष अपनी गर्लफ्रेंड के साथ होने वाले संबंधो की बातें अपने दोस्तों से शेयर करती है तो वही लडकियां इसके बारे में बात करने से भी कतराती है। मगर ऐसा नहीं है की वह सेक्स करना नहीं चाहती, उन्हें भी सेक्स करना अच्छा लगता है।


जिस तरह पहली बार सेक्स करने के लिए लड़के उत्साहित रहते है उसी तरह लडकियां भी उत्साहित रहती है। वर्जिन लड़किया लड़कों की ही तरह हमेशा सेक्स के बारे में ही सोचती है और यह स्वाभाविक है।


ज़्यादातर लड़कों के मन में यह सवाल रहता है की लडकिया पहली बार सेक्स करने के बाद क्या सोचती है। इसी विषय को लेकर एक यूट्यूब चैनल ने वीडियो बनाया है। इस वीडियो में एंकर मुंबई की सड़कों पर लड़कियों से पूछ यही सवाल कर रही है। जवाब बेहद दिलचस्प है जिसे आप मिस नहीं कर सकते।

अगली पेज पर देखे video...

Sunday, 31 July 2016

हैरान हो जाएंगे आप! कुछ औरतें इसलिए रहती हैं हमेशा कुंवारी...



बहुत सी ऐसी लड़कियां आपने देखी होंगी जो अपनी जिंदगी में कभी भी शादी नहीं करने की हठ लगाए रही है। इसकी असल वजह क्या है? क्या उन्हें कोई मर्द पसंद नहीं आता या फिर रह जाती है उनकी तलाश अधूरी।

इसलिए नहीं करती शादी:-

कई लड़कियां शादी की बजाय अकेले रहना पसंद करती हैं, क्योंकि उनके दिमाग में यह होता है कि पुरुष धोखा देते हैं। लॉयल नहीं होते। चीटिंग करते हैं। वे ऐसे रिश्तों को बनाना पसंद नहीं करती, जिनसे बाद में रोना पड़े। वे बिंदास जिंदगी जीना चाहती हैं। वे दोस्त बनाती हैं, लेकिन शादी किसी से नहीं करतीं।

बॉयफ्रैंड बनाना भी उन्हें सुहाता, क्योंकि उन्हें लगता है कि कौन इन झंझटों में पड़े। बेहतर है अकेले रहा जाए। ऐसी महिलाओं को लिव इन का कॉन्सेप्ट ही समझ नहीं आता। किसी का रौब, बंधन वे सहना ही नहीं चाहतीं।

जिंदगी अपनी शर्तों पर जीना चाहती हैं। एडस्टमेंट नहीं करना चाहतीं जबकि किसी रिलेशनशिप में थोड़ा-बहुत एडजस्टमेंट करना पड़ता है। यही वजह है कि वे अपनी लाइफ में उन्हीं लोगों का साथ पसंद करती हैं, जो उन्हें किसी तरह से बदलने की कोशिश न करे।

ऐसी महिलाओं के ग्रुप में दोस्त ही इतने होते हैं कि प्रेमी की उन्हें जरूरत नहीं होती। कई बार अपने करियर को कुछ ज्यादा गंभीरता से लेने की वजह से भी प्यार और रिश्तों के लिए उनके पास टाइम नहीं होता।

इनके विचार थोड़े अलग होते हैं। इन्हें फिजिकली अटेच होना पसंद नहीं होता। ये बस बौद्धिक स्तर पर जुड़ती हैं। इनका मानना होता है कि किसी मेल से लगाव रखने से उनकी डिमांड फिजिकली अटेच होने की होती ही है। चाहे वह जाहिर करे या न करे।