आज तक आपने बलात्कार के ऐसे अपराधियों के बारे में सुना होगा जो बलात्कार जैसे अपराध को अंजाम देने के बाद छुप जाया करते है। लेकिन क्या आपने कभी किसी ऐसे अपराधी के बारे में सुना है जो अपने अपराधों का हिसाब बहिखाता बना कर रखता हो। नहीं न पर ये सच है।
इस मामले का खुलासा खुद अपराधी की बेटी ने किया है। उसकी बेटी ने बताया कि उसका पिता एक बक्से में इन बहिखातों को रखता है। यह व्यक्ति अब तक करीब 140महिलाओं-लड़कियों के साथ-साथ लेडी दरोगा-सिपाही के साथ भी बलात्कार कर चुका है।
आपको बता दे कि यह मामला बरेली के कोतावली थाने क्षेत्र की है। यहां एक बेटी रोशनी (काल्पनिक नाम) ने बताया उसके पिता ने एक बक्से में यह बहिखाता रखा है। इस बहिखाते के शुरू में लिखा है कि बाबा को कोटि कोटि प्रणाम। बाबा साहब गांव से लेकर शहर तक, अबतक जिन महिलाओं लड़कियों से मेरे शारीरिक संबंध रहे हैं।
मैं उनके बारे में ध्यान से लिख रहा हूं कि मैंने उनके साथ कितनी बार, कहां और कितने साल से बुरा काम किया। इसके बदले क्या-क्या दिया। इसी तरह आरोपी ने बहिखाते में करीब 140 महिलाओं के नाम और उनके साथ संबंध बनाने के बारे में पूरी जानकारी दी है। इन सभी महिलाओं से कभी वर्दी का डर दिखाकर, कभी ब्लैकमेल करके, तो कभी गहने-जेवरात का लालच देकर संबंध बनाए।
रोशनी ने बताया, पिता की हरकतों के बारे में जानते हुए मां ने 8दिसंबर 1997 को 14 साल की उम्र में ही मेरी शादी कर दी थी। मां की मौत के बाद 7 जून 2015 को में घर आई थी। पापा घर पर नहीं थे। इसी बीच एक बक्से से मुझे कुछ लेटर मिले, जोकि जैनक बाबा और मीरा बाबा के नाम लिखे गए थे। इन लेटरों में 140 महिलाओं और लड़कियों के साथ शारीरिक संबंध बनाए जाने का पूरा बहिखाता था।
साथ ही पापा ने बाबा से अपने अबतक के गुनाहों को भी कबूला था। वापस घर पहुंचने पर पापा ने मुझसे लेटर्स के बारे में पूछा तो मैंने मां और भाई की हत्या करने की बात कही। डांट फटकार कर पापा ने मुझे चुप करा दिया और चले गए।
रात में अचानक वो दोबारा से आए और तमंचे के दम पर मेरे सारे कपड़े उतारकर पहले अश्लील क्लिप बनाई और फिर संबंध बनाए। उन्होंने कहा था कि वो मुझे कहीं मुंह दिखाने के लायक नहीं छोड़ेंगे और अगर मैंने किसी से कुछ भी कहा तो जान से मार देंगे। करीब 1 साल से वो वीडियो क्लिप वायरल करने की धमकी देकर मुझे सुसराल से बुलाते थे और संबंध बनाते थे।
रोशनी ने कहा, मेरी मां पुलिस में सिपाही थी। जब मैं 9 साल की थी तब मां ने साल 1992 में CBBID में सिपाही चंद्रपाल सिंह से दूसरी शादी कर ली। मेरा एक छोटा भाई था शिवम, जिसे पापा की करतूतों का पता चल गया था। 30 मार्च 2010 को पापा ने तार से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी, जिसे आत्महत्या का रूप दिया गया।
चंद्रपाल ने भी अपने एक लेटर में अपना गुनाह कबूलते हुए लिखा है, बाबा मैं गीता की कसम खाकर जुर्म इकबाल करता हूं। मैं अपने बेटे का तार से गला घोंटकर उसके ऊपर बैठ गया था। मैं तब तक बैठा रहा, जब तक दम नहीं निकल गया। उसकी आंखें बाहर निकल आई थी। पेंट में पेशाब हो गई थी। इसके बाद मैंने सबको बताया कि बेटे ने फांसी लगा ली। बाबा मैं बहुत बड़ा पापी हूं। एक तो मैंने बेटे को मार दिया और फिर उसकी आत्मा को भी बदनाम कर दिया। बाबा आगे से ऐसी गलती नहीं होगी। मुझे माफ कर दो।
चंद्रपाल के एक अन्य लेटर में लिखा है, पत्नी को मेरे अवैध संबंधों के बारे में पता चल गया था। मैं सीपी सिंह ने अपनी पत्नी को कई बार मारने के लिए जहर दिया। कभी दूध, तो कभी रोटी में मिलाकर सलफास खिलाया। तकिये से मुंह दबाकर दम घोटने की कोशिश की।
स्कूटर से नाली में गिराने की कोशिश की, लेकिन वो फिर भी बच गई। फिर भाड़े के गुंडों को पैसे देकर मारने की कोशिश की। इसके बाद एक महिला के सुझाव पर कीटनाशक दवाई गला दबाकर पिला दी और उसकी मौत हो गई।
आपको बता दें कि चंद्रपाल ने 19 फरवरी 2015 को अपनी पत्नी की हत्या की थी।
आरोपी पहले कोर्ट में ही था तैनात, सब पहचानते हैं उसकी हैंडराइटिंग रोशनी के वकील महेश कुमार गंगवार ने एक अखबार से बातचीत में बताया, रोशनी का पति दुकान चलाता है। उसके 2 बच्चे हैं। जब वह मायके आई तो उसे यह लेटर मिले, तब मामले का खुलासा हुआ। लेटर मिलने के बाद से आरोपी पिता रोशनी का उत्पीड़न कर रहा था।
वहीं, कोर्ट में काम करने वाले कुछ वकीलों ने बताया, आरोपी पहले कोर्ट में मुहर्रिर के पद पर तैनात था। उसकी हैंडराइटिंग सभी पहचानते हैं। जो लेटर सामने आया है, उसमें लिखावट आरोपी की राइटिंग से मिलती-जुलती है। रोशनी ने अपने पिता के खिलाफ कोर्ट में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया है। इससे पहले रोशनी ने पुलिस के उच्च अफसरों से 30 मई 2016 को रजिस्टर्ड डाक से अपनी शिकायत भेजी थी, उसके बाद खुद भी जाकर मिली थीं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
रोशनी ने कहा, मुझे पति और बच्चों की जान का है खतरा रोशनी ने बताया, मेरे ससुराल के सब लोग मेरे साथ हैं, लेकिन मुझे अपनी तो नहीं, अपने बच्चों और पति की जान का खतरा है। आरोपी पिता ने मुझे धमकी दे रखी है कि अगर यह मामला खोला तो बच्चों और पति को जान से मार दूंगा।
यह सिर्फ मेरी लड़ाई नहीं है। मेरी जैसी कई बहनों की लड़ाई है, जो शर्म के मारे या बदनामी के डर से सामने नहीं आ पाईं। आरोपी को कुछ लोग मेंटली समझते हैं, लेकिन वह मेंटली बिल्कुल फिट है।